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इन्फोसिस Q1 FY25 परिणाम: बढ़ती राजस्व वृद्धि की भविष्यवाणी

के द्वारा प्रकाशित किया गया Aashish Malethia    पर 18 जुल॰ 2024    टिप्पणि(16)
इन्फोसिस Q1 FY25 परिणाम: बढ़ती राजस्व वृद्धि की भविष्यवाणी

इन्फोसिस की शानदार पहली तिमाही परिणाम

इन्फोसिस लिमिटेड ने वित्तीय वर्ष 2024-25 की पहली तिमाही में 7.1 प्रतिशत की वार्षिक बढ़त के साथ मुनाफा कमाया है। यह मुनाफा 6,368 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है, जो पिछले वर्ष की समान तिमाही में 5,945 करोड़ रुपये था। कंपनी ने अपने राजस्व वृद्धि की भविष्यवाणी को भी बढ़ाकर 3-4 प्रतिशत कर दिया है, जो पहले 1-3 प्रतिशत के बीच था।

रेवेन्यू में उल्लेखनीय बढ़त

कंपनी का राजस्व 3.6 प्रतिशत वार्षिक बढ़त के साथ 39,315 करोड़ रुपये तक पहुँच गया है, जो पिछले वर्ष की इसी तिमाही में 37,933 करोड़ रुपये था। इस बढ़त के पीछे कंपनी की विभिन्न सेवाओं और उच्च मानकों का बड़ा योगदान है। इसके साथ ही ऑपरेटिंग मार्जिन भी 21.1 प्रतिशत पर पहुँच गया है, जो पिछले वर्ष की तिमाही में 20.8 प्रतिशत था।

बड़ी डील्स का रिकॉर्ड

इन्फोसिस ने इस तिमाही में सबसे ज्यादा बड़ी डील्स हासिल की हैं - कुल 34 बड़ी डील्स, जिनकी कुल वैल्यूएशन $4.1 बिलियन है। इनमें से 57.6 प्रतिशत नई डील्स हैं। यह कंपनी की सेवा गुणवत्ता और क्लाइंट्स के बीच उसकी विशिष्ट प्रतिष्ठा का परिणाम है।

मुफ्त नकद प्रवाह में उल्लेखनीय बढ़त

कंपनी का मुफ्त नकद प्रवाह (FCF) इस तिमाही में 9,155 करोड़ रुपये तक पहुँच गया है, जो वार्षिक आधार पर 59.2 प्रतिशत की बढ़त का संकेत देता है। FCF का नेट प्रॉफिट से कंवर्जन 143.2 प्रतिशत रहा है।

कर्मचारी और वॉलंटरी एट्रीशन

कर्मचारियों की संख्या में भी कुछ कमी आई है। मार्च तिमाही की तुलना में कर्मचारियों की संख्या 3,15,332 रही, जबकि यह मार्च तिमाही में 3,17,240 थी। वॉलंटरी एट्रीशन दर अब 12.7 प्रतिशत पर है, जो पिछली तिमाही में 12.6 प्रतिशत और Q1 FY24 में 17.3 प्रतिशत थी।

बेसिक ईपीएस में बढ़ोतरी

बेसिक ईपीएस (प्रति शेयर आमदनी) 7 प्रतिशत वार्षिक बढ़त के साथ 15.38 रुपये पर पहुँच गई है। यह निवेशकों के लिए एक अच्छा संकेत है और कंपनी के वित्तीय स्वास्थ्य को दर्शाता है।

सीईओ और एमडी का वक्तव्य

इन्फोसिस के सीईओ और एमडी सलील पारेख ने इस प्रदर्शन का श्रेय कंपनी की अलग सेवा की पेशकशों, क्लाइंट ट्रस्ट, और उत्साही निष्पादन को दिया है। उन्होंने कहा कि कंपनी ने जेनरेटिव एआई का उपयोग कर नए मानकों को स्थापित करने में सफलता प्राप्त की है, खासकर उन कंपनियों के लिए जो अपने डेटा सेट्स को एक क्लाउड फाउंडेशन पर काम कर रही हैं।

इस तिमाही के परिणामों से यह साफ है कि इन्फोसिस न केवल अपनी सेवाओं में उच्च गुणवत्ता बनाए रखने में सफल रही है, बल्कि उसने अपनी वित्तीय स्थिति को भी मजबूत किया है। यह परिणाम न केवल कंपनी के निवेशकों के लिए लेकिन आईटी सेक्टर में एनालिस्टों के लिए भी बड़ा संकेत है।

16 टिप्पणि

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    Chirag Yadav

    जुलाई 20, 2024 AT 17:33
    इन्फोसिस ने फिर से दिखा दिया कि गुणवत्ता और टेक्नोलॉजी के साथ बाजार में टिके रहना संभव है। इतना अच्छा FCF और नई डील्स का रिकॉर्ड? ये तो बस एक कंपनी नहीं, एक इंडस्ट्री स्टैंडर्ड बन गई है।

    मैंने अपने फ्रेंड्स को भी बताया कि अगर आप आईटी सेक्टर में निवेश करना चाहते हैं, तो इन्फोसिस को आउटलूक के तौर पर देखो।
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    Shakti Fast

    जुलाई 22, 2024 AT 10:17
    ये सब नंबर्स तो बहुत अच्छे हैं, पर दिल को छू गया तो वो वॉलंटरी एट्रीशन ड्रॉप! लोग जब छोड़ रहे होंगे, तो उन्हें बेहतर जगह मिल रही होगी। लेकिन अब जब लोग रुक रहे हैं... ये तो असली जीत है।
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    saurabh vishwakarma

    जुलाई 23, 2024 AT 12:00
    अरे भाई, इन्फोसिस के नंबर्स देखकर तो लगता है जैसे किसी ने जादू किया हो। पर ये सब बातें बस फिल्मी ड्रामा है। क्या आप जानते हैं उनके एम्प्लॉयीज कितने घंटे काम करते हैं? इतना फ्री कैश तो बस ओवरटाइम के बदले में बन रहा है।
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    MANJUNATH JOGI

    जुलाई 23, 2024 AT 15:00
    GenAI adoption के बारे में सलील ने जो बात की है, वो असली ट्रांसफॉर्मेशन है। डेटा ऑन क्लाउड, प्रोसेस ऑटोमेशन, और एजिल एक्जीक्यूशन - ये तीनों का सिंगल स्ट्रैटेजिक इंग्रेडिएंट है। इन्फोसिस ने इसे डिलीवर किया है।

    ये जो 57.6% न्यू डील्स हैं, वो बस एक नंबर नहीं, एक इंडिकेटर है कि क्लाइंट्स अब टेक्नोलॉजी को ट्रस्ट कर रहे हैं।
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    Sharad Karande

    जुलाई 24, 2024 AT 19:30
    FCF to Net Profit conversion ratio of 143.2% is extremely rare in the IT services space. Most firms report 80-100%. This implies superior working capital management, low receivables, and aggressive cost optimization without compromising delivery.

    Also, the operating margin expansion despite wage inflation shows remarkable pricing power - a sign of true differentiation.
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    Sagar Jadav

    जुलाई 25, 2024 AT 22:01
    सब कुछ अच्छा लग रहा है, पर ये नंबर्स बस बुक के लिए हैं। असली दुनिया में लोग अभी भी बेरोजगार हैं।
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    Dr. Dhanada Kulkarni

    जुलाई 27, 2024 AT 03:55
    इन्फोसिस के इस प्रदर्शन को देखकर लगता है कि अगर हम एक बार अपनी नीतियों को ग्राहक-केंद्रित बना दें, तो वित्तीय परिणाम खुद आ जाते हैं। यहाँ कोई जादू नहीं, बस लगन और लगातार सुधार है।

    हमें भी अपने क्षेत्र में ऐसा ही करना चाहिए।
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    Rishabh Sood

    जुलाई 27, 2024 AT 22:37
    इन्फोसिस के ये नंबर्स तो एक बड़ी गलती का नतीजा हैं। जब एक कंपनी इतना बड़ा राजस्व बनाती है, तो उसके अंदर एक अहंकार छिपा होता है। और अहंकार का अंत हमेशा गिरावट से होता है।

    ये सब बस एक अल्पकालिक झूठ है।
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    Saurabh Singh

    जुलाई 29, 2024 AT 22:13
    अच्छा लग रहा है? तो फिर बताओ क्यों उनके कर्मचारी 12.7% रिटेंशन रेट के साथ भी अपने घरों के बाहर रह रहे हैं? ये सब नंबर्स बस एक फैक्ट्री जैसी बात है। इंसानों के दर्द का कोई जिक्र नहीं।
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    Mali Currington

    जुलाई 31, 2024 AT 13:45
    7.1% profit growth? और फिर भी कर्मचारियों को बोनस नहीं मिला? ये तो जैसे बारिश में घर बनाना हो, लेकिन छत न बनाना।
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    INDRA MUMBA

    अगस्त 1, 2024 AT 18:29
    ये जो जेनरेटिव AI का जिक्र है, वो असल में बहुत बड़ी बात है। मैंने खुद एक क्लाइंट के साथ काम किया था जहाँ AI ने 40% डॉक्यूमेंट प्रोसेसिंग ऑटोमेट कर दिया। लोग सोचते हैं AI बस चैटबॉट है, पर असल में ये ट्रांसफॉर्मेशन का दरवाजा है।

    इन्फोसिस ने इसे समझ लिया। बाकी लोग अभी भी बैच प्रोसेसिंग के बारे में सोच रहे हैं।
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    Anand Bhardwaj

    अगस्त 2, 2024 AT 01:00
    इन्फोसिस के नंबर्स तो बहुत अच्छे हैं, पर अगर आप इनके एम्प्लॉयीज को बात करें, तो पता चलता है कि ये सब बस एक फैक्ट्री में बेचे जा रहे गाने हैं।

    हर दिन 12 घंटे, हर हफ्ते ऑनकॉल, और फिर भी बोनस नहीं। इतना अच्छा रिजल्ट? बस एक बड़ा बाजार बनाने के लिए।
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    RAJIV PATHAK

    अगस्त 3, 2024 AT 20:34
    ये सब बातें तो बस बुक-कीपिंग का खेल है। जब आप एक कंपनी के लिए एक डॉलर भी बचाते हैं, तो आप उसे 'इनोवेशन' कह देते हैं।

    असली इनोवेशन तो वो होता है जब आप एक इंसान की जिंदगी बदल दें। ये नंबर्स तो बस एक बैंक स्टेटमेंट हैं।
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    Nalini Singh

    अगस्त 4, 2024 AT 06:01
    इन्फोसिस के इस प्रदर्शन को वित्तीय विश्लेषण के संदर्भ में देखा जाए तो यह एक उच्च स्तरीय ऑपरेशनल एफिशिएंसी और स्ट्रैटेजिक क्लाइंट मैनेजमेंट का प्रतिनिधित्व करता है।

    विशेष रूप से, जेनरेटिव AI के एकीकरण ने डिलीवरी इकोसिस्टम को रिडिफाइन किया है, जो भविष्य के बिजनेस मॉडल के लिए एक नए मानक की नींव रखता है।
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    Sonia Renthlei

    अगस्त 5, 2024 AT 17:43
    मुझे लगता है कि इन्फोसिस का यह परिणाम बहुत अच्छा है, लेकिन मैं इसके पीछे की कहानी के बारे में सोच रही हूँ। क्या उनके टीम लीडर्स असल में उन कर्मचारियों के लिए समय निकाल पा रहे हैं जो घर पर बीमार हैं? क्या वे उन लोगों को सुन रहे हैं जो थक गए हैं? क्या उन्होंने कभी एक ऐसे इंसान के साथ बैठकर बात की है जिसने 18 महीने तक ऑनकॉल रखा है?

    मैं बस यही सोच रही हूँ कि जब हम इतने बड़े नंबर्स के बारे में बात कर रहे हैं, तो क्या हम उन छोटे छोटे दर्दों को भी देख रहे हैं? क्या हम उन लोगों को याद कर रहे हैं जिन्होंने अपनी जिंदगी इस कंपनी के लिए दे दी है? क्या ये बढ़त उनके लिए भी है, या बस शेयरहोल्डर्स के लिए?

    मैं बस एक छोटी सी बात पूछ रही हूँ - क्या इस सफलता के पीछे कोई इंसान भी है, या सिर्फ एक नंबर?
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    Aryan Sharma

    अगस्त 6, 2024 AT 06:54
    ये सब नंबर्स बस एक बड़ा धोखा है। अगर इन्फोसिस इतना अच्छा है, तो फिर एआई कंपनियाँ क्यों नहीं उनकी जगह ले रहीं? क्या आपको पता है कि इनके सीईओ के पास कितना घर है? ये सब बस एक गुप्त योजना है - आपको लगता है आप बड़े हो गए, पर असल में आपको बेच दिया जा रहा है।